Bhairav Chalisa: चमत्कारी पाठ जो देता है Divine Power और Fear, Negativity से मुक्ति

Bhairav Chalisa:-  काल भैरव भगवान शिव का उग्र और रक्षक रूप हैं, जिन्हें काशी के कोतवाल के नाम से भी जाना जाता है। भैरव चालीसा का पाठ करने से भय, संकट, शत्रु और नकारात्मक शक्तियों से रक्षा होती है। यह चालीसा भक्तों को अपार शक्ति और आत्मविश्वास प्रदान करती है।

भैरव बाबा, जिन्हें काल भैरव के नाम से भी जाना जाता है, भगवान शिव के दिव्य और रौद्र स्वरूप हैं। वे काशी के कोतवाल माने जाते हैं और समस्त दिशाओं के रक्षक देवता के रूप में पूजे जाते हैं। कहा जाता है कि जो व्यक्ति सच्चे मन से भैरव चालीसा का पाठ करता है, उसके जीवन से भय, दुख, रोग और शत्रु दूर हो जाते हैं।

भैरव बाबा की आराधना से मनुष्य को साहस, आत्मविश्वास और सुरक्षा की अनुभूति होती है। यह चालीसा न केवल नकारात्मक शक्तियों का नाश करती है, बल्कि साधक को अपार शक्ति और स्थिरता प्रदान करती है। विशेष रूप से काल भैरव जयंती, अष्टमी और मंगलवार के दिन इसका पाठ अत्यंत शुभ और फलदायी माना गया है। श्रद्धा और भक्ति से किया गया यह पाठ जीवन में भय, संकट और बाधाओं को दूर कर, सकारात्मक ऊर्जा और सफलता प्रदान करता है।

Kaal Bhairav Jayanti: डर और संकट दूर करेंगे भैरव बाबा के 108 नामों का जाप

भैरव चालीसा | Bhairav Chalisa

भैरव चालीसा का पाठ करने से भय, रोग, शत्रु और नकारात्मक शक्तियों का नाश होता है।
यह चालीसा भैरव बाबा की कृपा प्राप्त करने का सर्वोत्तम साधन है, जो भक्त को साहस, सुरक्षा और सफलता प्रदान करती है।

दोहा
श्री गणपति गुरु गौरी पद प्रेम सहित धरि माथ।
चालीसा वंदन करो श्री शिव भैरवनाथ॥
श्री भैरव संकट हरण मंगल करण कृपाल।
श्याम वरण विकराल वपु लोचन लाल विशाल॥

जय जय श्री काली के लाला। जयति जयति काशी- कुतवाला॥
जयति बटुक- भैरव भय हारी। जयति काल- भैरव बलकारी॥

जयति नाथ- भैरव विख्याता। जयति सर्व- भैरव सुखदाता॥
भैरव रूप कियो शिव धारण। भव के भार उतारण कारण॥
भैरव रव सुनि हवै भय दूरी। सब विधि होय कामना पूरी॥
शेष महेश आदि गुण गायो। काशी- कोतवाल कहलायो॥

जटा जूट शिर चंद्र विराजत। बाला मुकुट बिजायठ साजत॥
कटि करधनी घुंघरू बाजत। दर्शन करत सकल भय भाजत॥
जीवन दान दास को दीन्ह्यो। कीन्ह्यो कृपा नाथ तब चीन्ह्यो॥
वसि रसना बनि सारद- काली। दीन्ह्यो वर राख्यो मम लाली॥
धन्य धन्य भैरव भय भंजन। जय मनरंजन खल दल भंजन॥
कर त्रिशूल डमरू शुचि कोड़ा। कृपा कटाक्ष सुयश नहिं थोडा॥
जो भैरव निर्भय गुण गावत। अष्टसिद्धि नव निधि फल पावत॥
रूप विशाल कठिन दुख मोचन। क्रोध कराल लाल दुहुं लोचन॥
अगणित भूत प्रेत संग डोलत। बम बम बम शिव बम बम बोलत॥
रुद्रकाय काली के लाला। महा कालहू के हो काला॥

बटुक नाथ हो काल गंभीरा। श्‍वेत रक्त अरु श्याम शरीरा॥
करत नीनहूं रूप प्रकाशा। भरत सुभक्तन कहं शुभ आशा॥
रत्‍न जड़ित कंचन सिंहासन। व्याघ्र चर्म शुचि नर्म सुआनन॥
तुमहि जाइ काशिहिं जन ध्यावहिं। विश्वनाथ कहं दर्शन पावहिं॥
जय प्रभु संहारक सुनन्द जय। जय उन्नत हर उमा नन्द जय॥
भीम त्रिलोचन स्वान साथ जय। वैजनाथ श्री जगतनाथ जय॥
महा भीम भीषण शरीर जय। रुद्र त्रयम्बक धीर वीर जय॥
अश्‍वनाथ जय प्रेतनाथ जय। स्वानारुढ़ सयचंद्र नाथ जय॥
निमिष दिगंबर चक्रनाथ जय। गहत अनाथन नाथ हाथ जय॥
त्रेशलेश भूतेश चंद्र जय। क्रोध वत्स अमरेश नन्द जय॥

श्री वामन नकुलेश चण्ड जय। कृत्याऊ कीरति प्रचण्ड जय॥
रुद्र बटुक क्रोधेश कालधर। चक्र तुण्ड दश पाणिव्याल धर॥
करि मद पान शम्भु गुणगावत। चौंसठ योगिन संग नचावत॥
करत कृपा जन पर बहु ढंगा। काशी कोतवाल अड़बंगा॥
देयं काल भैरव जब सोटा। नसै पाप मोटा से मोटा॥
जनकर निर्मल होय शरीरा। मिटै सकल संकट भव पीरा॥
श्री भैरव भूतों के राजा। बाधा हरत करत शुभ काजा॥
ऐलादी के दुख निवारयो। सदा कृपाकरि काज सम्हारयो॥
सुन्दर दास सहित अनुरागा। श्री दुर्वासा निकट प्रयागा॥
श्री भैरव जी की जय लेख्यो। सकल कामना पूरण देख्यो॥

दोहा
जय जय जय भैरव बटुक स्वामी संकट टार।
कृपा दास पर कीजिए शंकर के अवतार॥

भैरव बाबा, जो काशी के कोतवाल और भगवान शिव के रौद्र स्वरूप हैं, अपने भक्तों की हर प्रकार की बाधा, भय और संकट से रक्षा करते हैं।
भैरव चालीसा का नित्य श्रद्धा एवं विश्वास के साथ पाठ करने से जीवन में सकारात्मक ऊर्जा, आत्मबल और सफलता का संचार होता है।
जो व्यक्ति सच्चे मन से भैरव बाबा की आराधना करता है, उस पर सदैव उनकी कृपा बनी रहती है और वह भयमुक्त, सुखी एवं समृद्ध जीवन की प्राप्ति करता है।

जय काल भैरव बाबा की जय! 🔱

magh ganesh chaturthi 2026: तिलकुटा (माघ) गणेश चतुर्थी पूजा कैसे करें? पूरी विधि और नियम

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Fill out this field
Fill out this field
Please enter a valid email address.
You need to agree with the terms to proceed